यहां शादी के बाद ससुराल वाले खुद बेच देते हैं अपनी बहू, जानिए क्यों?

अपनी बहु के लिए खुद ग्राहक ढूंढते हैं ससुराल वाले। कोई आपको वेश्यावृति में धकेल दे तो ? ज़रा सोच कर देखिए शादी के बाद जब आप अपने ससुराल जाए तब आपकी मुँह दिखाई उन लोगों से करवाई जाए जो आपको दुआएं देने नहीं बल्कि खरीदने आए हैं तो आप क्या करेंगे ? लेकिन ऐसा इस समुदाय में हो रहा है। आइये जानते हैं पूरी कहानी : कहां है ये समुदाय? दिल्ली के नजफगढ़ में एक ऐसा समुदाय है जहाँ पर ससुराल वाले खुद अपनी बहुओं से वेश्यावृति करवाते हैं। इस समुदाय का नाम “परना” है। खबरों के अनुसार प्रेमनगर बस्ती

अपनी बहु के लिए खुद ग्राहक ढूंढते हैं ससुराल वाले।

इस समुदाय के लोग अपनी बहुओं से करवाते हैं यह घिनौना काम

कोई आपको वेश्यावृति में धकेल दे तो ?

ज़रा सोच कर देखिए शादी के बाद जब आप अपने ससुराल जाए तब आपकी मुँह दिखाई उन लोगों से करवाई जाए जो आपको दुआएं देने नहीं बल्कि खरीदने आए हैं तो आप क्या करेंगे ? लेकिन ऐसा इस समुदाय में हो रहा है। आइये जानते हैं पूरी कहानी :

कहां है ये समुदाय?

कहां है ये समुदाय?

दिल्ली के नजफगढ़ में एक ऐसा समुदाय है जहाँ पर ससुराल वाले खुद अपनी बहुओं से वेश्यावृति करवाते हैं। इस समुदाय का नाम “परना” है। खबरों के अनुसार प्रेमनगर बस्ती में रहने वाले “परना” समुदाय को काफी समय हो गया है और ये धंधा “परना” समुदाय वाले पीढ़ियों से करवा रहे हैं।

बहुत समय से चल रहा है ये समुदाय

बहुत समय से चल रहा है ये समुदाय

इस समुदाय में लड़कियों की शादी 12-15 साल की उम्र में करवा दी जाती है। वेश्यावृत्ति के साथ ये लडकियां घर का काम भी करती हैं। अपने पति और बच्चों के लिए खाना बनाने के बाद वे रात को वेश्यावृति के लिए निकल जाती हैं। ये तो हुई आधी बात,

जो बहु वेश्यावृति करने से इनकार कर देती है उन पर अत्याचार किया जाता है। कभी कभी तो उनको जान से भी मार दिया जाता है। जिस वजह से उन्हें ना चाहते हुए भी इस धंधे में आना पड़ता है।

हैरान करने वाली बात है कि माता-पिता खुद अपनी बेटी को इस धंधे में डालते हैं। वो अपनी बेटी को पढ़ाई नही करवाते बल्कि छोटी उम्र में ही उनकी शादी कर देते हैं।

बचपन से सिखाया जाता है सब बचपन से सिखाया जाता है सब 

बताया तो ये भी जाता है कि लड़कियों के पैदा होते ही उनकी ट्रेनिंग के लिए उन्हें दलालों को सौंप दिया जाता है। और इसके बदले उनके माँ-बाप को पैसे दिए जाते हैं।

बेच दिया जाता है लड़कियों कोबेच दिया जाता है लड़कियों को

इस समुदाय में लड़कियों की शादी नही बल्कि लड़कियों को बेचा जाता है। लड़के वाले अच्छा ऑफर देकर लड़कियों को खरीद लेते हैं। जो लड़के वाले सबसे ज्यादा पैसे देते हैं।

शादी नहीं सौदा

शादी नहीं सौदा 

असल में ये शादी, शादी नहीं बल्कि सौदा होता है। वहीं ससुराल जाने के बाद भी लड़कियों को इस चीज से छुटकारा नहीं मिलता बल्कि ससुराल वाले खुद अपनी बहुओं के लिए ग्राहक ढूंढते हैं।

कुछ महिलाओं ने किया विरोध कुछ महिलाओं ने किया विरोध सभी महिलायें इस रीति-रिवाज से खुश नहीं हैं। बहुत सारी महिलाओं ने इसके खिलाफ आवाज उठाई है और बहुत सारी महिलाओं को अपनी जान से हाथ भी धोना पड़ा है।

इस दलदल में फंसी कुछ महिलाए पढ़ना चाहती हैं। लेकिन ये जाल इतना गहरा है कि महिलाओं पर अत्याचार के खिलाफ आवाज उठाने वाले संगठनों की आवाज भी इस समुदाय तक नहीं पहुंच पाती।

कोई ध्यान नही दे रहा

 कोई ध्यान नही दे रहा 

देश के नेताओं के अनुसार उन्हें देश की चिंता है। लेकिन महिलाओं पर जो अत्याचार हो रहे हैं उन पर कोई ध्यान नहीं दे रहा। अगर सरकार इन मुद्दों पर ध्यान दे तो बहुत सारी महिलाओं की ज़िन्दगी बच जाएगी। देश को आजाद हुए 69 साल हो चुके हैं। लेकिन ऐसा लगता है कि महिलाओं के लिए अभी भी देश आज़ाद नहीं हुआ है।